पंचांग · New Delhi
12 May 2026
मंगलवार · स्वामी मंगल
सूर्योदय
05:32
सूर्यास्त
19:03
पंचांग के पाँच अंग
हर अंग वही है जो सूर्योदय के समय चल रहा था, और दिए गए समय तक रहता है।
| तिथिचंद्र दिवस | कृष्ण दशमी | तक 14:53 |
|---|---|---|
| नक्षत्रचंद्र नक्षत्र | पूर्वा भाद्रपदा | तक 01:17 |
| योगसूर्य + चंद्र | वैधृति | तक 23:18 |
| करणआधी तिथि | विष्टि | तक 14:53 |
| वारवार | मंगलवार | मंगल |
महत्वपूर्ण समय
सूर्योदय से दिन आठ भागों में बँटता है; परंपरा इन्हीं को चिह्नित करती है।
- अभिजित मुहूर्तसर्वाधिक शुभ 11:50 – 12:44
- राहु कालनया काम न शुरू करें 15:40 – 17:21
- यमगण्डअशुभ 08:54 – 10:36
- गुलिक कालअशुभ 12:17 – 13:59
चौघड़िया
दिन के आठ और रात के आठ भाग — किसी भी ज़रूरी काम का समय चुनने की पारंपरिक विधि।
☀ दिन 05:32 – 19:03
- रोग 05:32 – 07:13
- उद्वेग 07:13 – 08:54
- चल 08:54 – 10:36
- लाभ 10:36 – 12:17
- अमृत 12:17 – 13:59
- काल 13:59 – 15:40
- शुभ 15:40 – 17:21
- रोग 17:21 – 19:03
☾ रात 19:03 – 05:31
- काल 19:03 – 20:21
- लाभ 20:21 – 21:40
- उद्वेग 21:40 – 22:58
- शुभ 22:58 – 00:17
- अमृत 00:17 – 01:35
- चल 01:35 – 02:54
- रोग 02:54 – 04:12
- काल 04:12 – 05:31
शुभ सामान्य बचें
पंचांग पूरे शहर के लिए एक ही होता है। आपकी कुंडली नहीं।
अपनी व्यक्तिगत कुंडली रिपोर्ट लें