पंचांग · New Delhi
04 June 2026
गुरुवार · स्वामी गुरु
सूर्योदय
05:22
सूर्यास्त
19:16
पंचांग के पाँच अंग
हर अंग वही है जो सूर्योदय के समय चल रहा था, और दिए गए समय तक रहता है।
| तिथिचंद्र दिवस | कृष्ण पंचमी | तक 01:21 |
|---|---|---|
| नक्षत्रचंद्र नक्षत्र | श्रवण | तक 06:03 |
| योगसूर्य + चंद्र | ब्रह्म | तक 09:41 |
| करणआधी तिथि | कौलव | तक 12:29 |
| वारवार | गुरुवार | गुरु |
महत्वपूर्ण समय
सूर्योदय से दिन आठ भागों में बँटता है; परंपरा इन्हीं को चिह्नित करती है।
- अभिजित मुहूर्तसर्वाधिक शुभ 11:51 – 12:47
- राहु कालनया काम न शुरू करें 14:03 – 15:48
- यमगण्डअशुभ 05:22 – 07:07
- गुलिक कालअशुभ 08:51 – 10:35
चौघड़िया
दिन के आठ और रात के आठ भाग — किसी भी ज़रूरी काम का समय चुनने की पारंपरिक विधि।
☀ दिन 05:22 – 19:16
- शुभ 05:22 – 07:07
- रोग 07:07 – 08:51
- उद्वेग 08:51 – 10:35
- चल 10:35 – 12:19
- लाभ 12:19 – 14:03
- अमृत 14:03 – 15:48
- काल 15:48 – 17:32
- शुभ 17:32 – 19:16
☾ रात 19:16 – 05:22
- अमृत 19:16 – 20:32
- चल 20:32 – 21:48
- रोग 21:48 – 23:03
- काल 23:03 – 00:19
- लाभ 00:19 – 01:35
- उद्वेग 01:35 – 02:51
- शुभ 02:51 – 04:06
- अमृत 04:06 – 05:22
शुभ सामान्य बचें
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