पंचांग · New Delhi
21 June 2026
रविवार · स्वामी सूर्य
सूर्योदय
05:23
सूर्यास्त
19:22
पंचांग के पाँच अंग
हर अंग वही है जो सूर्योदय के समय चल रहा था, और दिए गए समय तक रहता है।
| तिथिचंद्र दिवस | शुक्ल अष्टमी | तक 15:41 |
|---|---|---|
| नक्षत्रचंद्र नक्षत्र | उत्तरा फाल्गुनी | तक 10:22 |
| योगसूर्य + चंद्र | व्यतीपात | तक 10:29 |
| करणआधी तिथि | बव | तक 15:41 |
| वारवार | रविवार | सूर्य |
महत्वपूर्ण समय
सूर्योदय से दिन आठ भागों में बँटता है; परंपरा इन्हीं को चिह्नित करती है।
- अभिजित मुहूर्तसर्वाधिक शुभ 11:55 – 12:51
- राहु कालनया काम न शुरू करें 17:37 – 19:22
- यमगण्डअशुभ 12:23 – 14:07
- गुलिक कालअशुभ 15:52 – 17:37
चौघड़िया
दिन के आठ और रात के आठ भाग — किसी भी ज़रूरी काम का समय चुनने की पारंपरिक विधि।
☀ दिन 05:23 – 19:22
- उद्वेग 05:23 – 07:08
- चल 07:08 – 08:53
- लाभ 08:53 – 10:38
- अमृत 10:38 – 12:23
- काल 12:23 – 14:07
- शुभ 14:07 – 15:52
- रोग 15:52 – 17:37
- उद्वेग 17:37 – 19:22
☾ रात 19:22 – 05:24
- शुभ 19:22 – 20:37
- अमृत 20:37 – 21:52
- चल 21:52 – 23:08
- रोग 23:08 – 00:23
- काल 00:23 – 01:38
- लाभ 01:38 – 02:53
- उद्वेग 02:53 – 04:08
- शुभ 04:08 – 05:24
शुभ सामान्य बचें
पंचांग पूरे शहर के लिए एक ही होता है। आपकी कुंडली नहीं।
अपनी व्यक्तिगत कुंडली रिपोर्ट लें