पंचांग · New Delhi
15 July 2026
बुधवार · स्वामी बुध
सूर्योदय
05:32
सूर्यास्त
19:21
पंचांग के पाँच अंग
हर अंग वही है जो सूर्योदय के समय चल रहा था, और दिए गए समय तक रहता है।
| तिथिचंद्र दिवस | शुक्ल प्रतिपदा | तक 11:52 |
|---|---|---|
| नक्षत्रचंद्र नक्षत्र | पुष्य | तक 21:46 |
| योगसूर्य + चंद्र | हर्षण | तक 08:03 |
| करणआधी तिथि | बव | तक 11:52 |
| वारवार | बुधवार | बुध |
महत्वपूर्ण समय
सूर्योदय से दिन आठ भागों में बँटता है; परंपरा इन्हीं को चिह्नित करती है।
- अभिजित मुहूर्तसर्वाधिक शुभ 11:59 – 12:54
- राहु कालनया काम न शुरू करें 12:27 – 14:10
- यमगण्डअशुभ 07:16 – 08:59
- गुलिक कालअशुभ 10:43 – 12:27
चौघड़िया
दिन के आठ और रात के आठ भाग — किसी भी ज़रूरी काम का समय चुनने की पारंपरिक विधि।
☀ दिन 05:32 – 19:21
- लाभ 05:32 – 07:16
- अमृत 07:16 – 08:59
- काल 08:59 – 10:43
- शुभ 10:43 – 12:27
- रोग 12:27 – 14:10
- उद्वेग 14:10 – 15:54
- चल 15:54 – 17:37
- लाभ 17:37 – 19:21
☾ रात 19:21 – 05:33
- उद्वेग 19:21 – 20:37
- शुभ 20:37 – 21:54
- अमृत 21:54 – 23:10
- चल 23:10 – 00:27
- रोग 00:27 – 01:43
- काल 01:43 – 03:00
- लाभ 03:00 – 04:16
- उद्वेग 04:16 – 05:33
शुभ सामान्य बचें
पंचांग पूरे शहर के लिए एक ही होता है। आपकी कुंडली नहीं।
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