पंचांग · New Delhi
13 October 2026
मंगलवार · स्वामी मंगल
सूर्योदय
06:20
सूर्यास्त
17:54
पंचांग के पाँच अंग
हर अंग वही है जो सूर्योदय के समय चल रहा था, और दिए गए समय तक रहता है।
| तिथिचंद्र दिवस | शुक्ल तृतीया | तक 23:29 |
|---|---|---|
| नक्षत्रचंद्र नक्षत्र | विशाखा | तक 01:42 |
| योगसूर्य + चंद्र | प्रीति | तक 20:22 |
| करणआधी तिथि | तैतिल | तक 10:47 |
| वारवार | मंगलवार | मंगल |
महत्वपूर्ण समय
सूर्योदय से दिन आठ भागों में बँटता है; परंपरा इन्हीं को चिह्नित करती है।
- अभिजित मुहूर्तसर्वाधिक शुभ 11:44 – 12:30
- राहु कालनया काम न शुरू करें 15:00 – 16:27
- यमगण्डअशुभ 09:13 – 10:40
- गुलिक कालअशुभ 12:07 – 13:33
चौघड़िया
दिन के आठ और रात के आठ भाग — किसी भी ज़रूरी काम का समय चुनने की पारंपरिक विधि।
☀ दिन 06:20 – 17:54
- रोग 06:20 – 07:47
- उद्वेग 07:47 – 09:13
- चल 09:13 – 10:40
- लाभ 10:40 – 12:07
- अमृत 12:07 – 13:33
- काल 13:33 – 15:00
- शुभ 15:00 – 16:27
- रोग 16:27 – 17:54
☾ रात 17:54 – 06:20
- काल 17:54 – 19:27
- लाभ 19:27 – 21:00
- उद्वेग 21:00 – 22:34
- शुभ 22:34 – 00:07
- अमृत 00:07 – 01:40
- चल 01:40 – 03:14
- रोग 03:14 – 04:47
- काल 04:47 – 06:20
शुभ सामान्य बचें
पंचांग पूरे शहर के लिए एक ही होता है। आपकी कुंडली नहीं।
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